रीवा, 24 दिसंबर 2025 मध्य प्रदेश के रीवा जिले में तीन साल पुराने बहुचर्चित नाबालिग गैंगरेप मामले में विशेष POCSO कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। कथावाचक महंत सीताराम बाबा सहित पांच दोषियों को आजीवन कारावास (उम्रकैद) की सजा सुनाई गई है। वहीं, मामले में शामिल चार अन्य आरोपियों को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया गया।
यह घटना रीवा के शासकीय राजनिवास (सर्किट हाउस) के कमरा नंबर 4 में हुई थी, जिसने पूरे प्रदेश को हिला कर रख दिया था। नाबालिग पीड़िता के साथ गैंगरेप की इस वारदात ने व्यापक आक्रोश पैदा किया था।
घटना के बाद सभी आरोपी फरार हो गए थे, लेकिन पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया।विशेष न्यायाधीश पद्मा जाटव की अदालत ने लंबी सुनवाई के बाद यह फैसला सुनाया।
अभियोजन पक्ष की मजबूत दलीलों और गवाहों के बयानों के आधार पर महंत सीताराम बाबा और चार अन्य को दोषी ठहराया गया।यह फैसला नाबालिगों के खिलाफ अपराधों पर सख्ती का संदेश देता है। पीड़िता को न्याय मिलने से राहत की उम्मीद जगी है।
स्रोत: India TV Hindi (23 दिसंबर 2025 की रिपोर्ट के आधार पर)
