रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन दो दिन के राजकीय दौरे पर नई दिल्ली पहुंचे, जहां उन्हें दिल्ली के पालम एयरपोर्ट पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुद रिसीव किया।
एयरक्राफ्ट से उतरते ही दोनों नेताओं के बीच गर्मजोशी भरे हैंडशेक और गले मिलते हुए तस्वीरें सामने आईं, इसके बाद दोनों एक ही कार में बैठकर पीएम आवास 7, लोक कल्याण मार्ग के लिए रवाना हुए।
यह रूस–यूक्रेन युद्ध शुरू होने के बाद पुतिन का पहला भारत दौरा है और लगभग चार साल बाद उनका भारत आगमन हुआ है, जिसको लेकर सुरक्षा से लेकर डिप्लोमैटिक लेवल तक विशेष तैयारियां की गई हैं।
दौरे का महत्व
पुतिन की इस यात्रा के दौरान 23वां भारत–रूस वार्षिक शिखर सम्मेलन होना है, जिसमें रक्षा, ऊर्जा, व्यापार और टेक्नोलॉजी से जुड़े 10 से अधिक सरकारी समझौते और कई वाणिज्यिक MoU पर हस्ताक्षर होने की संभावना है।
दोनों देश तेल, रक्षा सौदों, ब्रह्मोस वायु रक्षा जैसे रणनीतिक विषयों के साथ-साथ यूक्रेन युद्ध के दौर में बदलते भू-राजनीतिक समीकरण और पश्चिमी दबाव के बीच अपनी साझेदारी को और मजबूत करने पर चर्चा करेंगे।

मोदी का एयरपोर्ट पर खुद पहुंचना, गले लगकर स्वागत करना और एक ही कार में पीएम आवास तक साथ जाना, इसे विशेषज्ञ भारत–रूस “पुरानी दोस्ती” और निजी केमिस्ट्री का मजबूत संदेश मान रहे हैं।
जुलाई 2024 में मॉस्को दौरे के दौरान पुतिन ने मोदी के सम्मान में डिनर दिया था, जिसके बदले में इस बार पीएम मोदी ने पुतिन के लिए प्राइवेट डिनर का आयोजन किया है, जिससे “दोस्ती” वाला संदेश और भी मजबूत होता दिख रहा है।
